Sunday, December 30, 2018

मेरी तकदीर है

तुम से दूर हूँ मगर दिल में तेरी तस्वीर है।
इन आँखों मे बहता तेरी यादों का नीर है।
मेरे नसीब और किस्मत में ये ही प्यार लिखा
तुम से दूर रहना ही प्यार  मेरी तकदीर है।।
मोहित

लेख नववर्ष

जाने वाले साल को विदाई आने वाले साल को बधाई
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पढिये *आ मोहित जागेटिया* के नववर्ष पर विचार, सिर्फ स्टार हिंदी ब्लॉग पर ,,,,,,,,,,,।
"जाने वाले साल को विदाई आने वाले साल को बधाई"
जाने वाला साल हर बुराई को मिटा जायें।हर जख्म को हटा जायें।जाने वाले साल तुमको विदाई,आने वाले साल तुमको बधाई।
नव वर्ष 2019 की आप सभी को हार्दिक शुभकामनाएं और मंगलकामनाएं।आने वाला वर्ष नई उमंग,नया उत्साह और नयें विश्वास की नई आशाओ के साथ नई सोच के साथ आयें।नया साल प्रगति के पथ को आगे बड़ाये।जो सपने बीते वर्ष के रह गए उनको आने वाला ये साल पूरा करें।आने वाला साल हर ओर से खुशहाल रहे।जो अरमान हम सब ने दिल मे सजा कर रखे है उनको ये साल पूरा करें।
नया साल नयें संकल्प के साथ आएं मन मे कुछ नयें संकल्प हो।नया विश्वास हो और उम्मीद रखे उनको पूरा करने का पूर्ण प्रयास करें।
नया साल भारत देश प्रगति के पथ पर संसार मे आगे बड़े।विकास के नए अवसर आये।देश का हर किसान खुशहाल को ओर सम्रद्ध हो।देश का हर युवा को पढ़ाई लिखाई में आगे बड़े अपने सपनो को उड़ान दे।सबको अपनी अपनी योग्यता के अनुसार रोजगार मिलें कोई भी युवा बेरोजगार नही रहें।देश की सेना मजबूत हो सरहद पर कोई घटनायें नही घटे।हर तरह की सुविधा सेना के जवानों को आने वाले नए साल में मिलें।  देश अंतरिक्ष मे नई उड़ान उड़े,वैज्ञानिक नई खोज करें।देश मे हर नागरिक को रोटी,कपड़ा और मकान मिलें।कोई भूखा नही रहें।हर इंसान को अपना खुद का मकान मिलें।आने वाले नव वर्ष में सबको बेहतरीन चिकित्सा सुविधा मिलें।हर गांव शहरों का बराबर विकास होयें।शिक्षा के क्षेत्र सुधार आयें।निजी स्कूलों और सरकारी स्कूलों में भेद मिटे।खेल के क्षेत्र में भारत नई उपलब्धियां हासिल करें।
आने वाले वर्ष में देश से जातिवाद मिटे, भस्टाचार मिटे,अत्याचार मिटे।कहि भी कोई दंगा नही हो।सबके हाथो में तिरंगा हो।देश की सभी नदियां स्वच्छ हो।पूरा देश हर तरह की गंदगी से मुक्त हो।देश मे भाई चारे के पैगाम मिलें।सबको संम्मान अवसर मिले।हमारी संस्कति,सभ्यता संस्कारो का सम्मान हो ।ये ही मेरी शुभकामनाएं।
जो काम इस साल रह गयें, वो काम आनेवाले वर्ष में पूरा करें।जो सपने इस साल टूट गये, उन सपनों को फिर से पूरा करे।जो भूल हुई,जो गलतिया हुई जो घटनाएं घटी।उनको फिर न दोहराएं ओर उनसे सबक ले कर हम आगे बड़े।आने वाला वर्ष आप सभी की आशाओं वाला हो सबके के लिये मंगलमय हो मेरी ये शुभकामनाएं।
मोहित जागेटिया
भीलवाड़ा राज.

जन्मदिन

सदा खुश रहने का तुम्हें उपहार दे रहा हूँ।
सदा महको जो वो फूलो का हार दे रहा हूँ।
मैं और तुम्हें कुछ दे नही सकता हूँ इसलिये
मैं शब्दों से दिल का प्यार ही प्यार दे रहा हूँ।
मोहित जागेटिया

जिंदगी मे खुशियों की दौलत मिलें।
मान सम्मान की वो शोहरत मिलें।
जन्मदिन पर मेरी ये ही दुआ है,
तुमको सबका प्यार मोहब्बत मिलें।।
Mohit

प्रेम कहानी

कभी उसकी पावन सी पुण्य प्रेम कहानी है।
जहाँ पर रहती उसकी वो देह मस्तानी है।।
प्रेम के सागर से भरा उसका नेह देह भी,
तभी तो उसकी आँखों मे बसा वो पानी है।।
मोहित जागेटिया

Friday, December 28, 2018

हालात से बदतर

हालात है बदतर हालात मिलते है।
हालात देख कर दिल भी ये जलते है।।
हालात का ही ये तो सब पर असर है।
हालात आज मजबूरी का ये घर है।।
देश को देख कर ये आँखे रोती है।
सर्दी को कैसे ये आँखे सोती है।।
कभी तो  खुद का अपना मकान मिलेगा।
खुल कर जीने का कब अरमान मिलेगा।।
जैसे है हमेशा हाल में जीते है।
इनके पास कुछ नही बस दुख को सीते है।।
मोहित जागेटिया

Thursday, December 27, 2018

तुमको अपना माना

तुमको इतना चाहा अपना माना।
मगर तुमको ऐसा तो नही जाना।।
सारी आशायें तुमने वो तोड़ी।
रिश्तों से तुमने हम से जोड़ी।।
मुझे अभी तक नही समझ पाए हो।
मेरे बुलाने पर नही आये हो।।
तेरे ना का दर्द कितना हो रहा ।
जो में तो अभी तक भी में रो रहा।।
मेरे प्यार का सारा विश्वास थी
धड़कन में धड़कती तुम वो सास थी।।
मैं तड़प रहा हूँ विरह वेदना में
तेरी आग जल रहा हूँ देखना में।।
मोहित

शुभकामनाएं


    "शुभकामनाएं"
आयें हो तुम जिस दिन
दुनिया मे उस दिन की!
जन्मदिन की शुभकामनाएं।।
बड़े हो!पढ़े लिखे हो
चले हो मंजिल की और
उस मे हुए सफल
उस सफलता की शुभकामनाएं।।
पद मिला,मान मिला
जिंदगी में जो भी खुशी,खुशी से
मिला उस सम्मान की शुभकामनाएं।।
जब जीवन मे जीवन साथी
मिला उस सात फेरों के नयें
सबंध की शुभकामनाएं।।
जब पापा-मम्मी,दादा -दादी
नाना-नानी जो भी नया
रिस्ता जुड़ा उसकी शुभकामनाएं।।
हर सुबह नई शरुआत की
हर दिन हर त्यौहार की
आने वाले कल और पल की
मेरी सबको को हैं हार्दिक
शुभकामनाएं।।
नाम -मोहित जागेटिया
पता -गांव सिदडियास जिला भीलवाड़ा
        राजस्थान 311011

Wednesday, December 26, 2018

कुण्डलिया छंद

मोहब्बत वो शायरी ,है जहाँ एक प्यार।
दिल मेरा उसका कभी,वो मेरा है यार।।
वो मेरा है यार,मैं हूँ उसका दिलदार।
वो है मेरी जान,में भी हूँ उसका प्यार।।
सजता है वो सफर,जहाँ पर रहती चाहत।
बना रहें वो साथ,रहें दिल मे मोहब्बत।।
मोहित

Monday, December 24, 2018

अटल जन्म दिन

शब्द सुमन उनकी चरणों मे लुटा रहा हूँ।
शब्द  शिखर  पर उन्हें ही मैं चढ़ा रहा हूँ।
जिसकी सोच ने देश को बदल दिया था उस,
अटल को नमन की और हाथ बड़ा रहा हूँ।।

ऐसे परम श्र्द्धेय भारत रत्न एंव पूर्व प्रधानमंत्री कवि  स्वर्गीय श्रीअटल बिहारी वाजपेयी जी को उनके जन्म दिबस पर कोटि कोटि वंदन.🙏🙏🙏मोहित

नया साल

आज नयें साल पर नया आगाज दे रहा हूँ।
सदा खुश रहों तुम तुमको ये ताज दे रहा हूँ।
जिंदगी का सुखद मधुमास देना चाहता हूँ,
अब  तुम आजाहो तुमको आवाज दे रहा हूँ।।

Sunday, December 23, 2018

मोदी

चलो एक कहानी फिर से दोहराएं।22
इस बार फिर से हम मोदी को जिताएं।।
मोदी को जीता कर इतिहास बनायें।
उसको सत्ता दे कर उल्लास बनायें।।
मोदी जी ने जो भारत मे काम किया।
विदशों में भी भारत का ही नाम किया।।

परिचय


(सिर्फ पहली बार,सभी बिंदु भरिए, मिटाए नहीं)
******************

hindibhashaa@gmail.com
पूर्ण नाम~मोहित जागेटिया

साहित्यिक उपनाम~नही

जन्मतिथि~6 अटुम्बर 1991

जन्म स्थान~सिदडियास

वर्तमान पता~गांव सिदडियास जिला& तहसील भीलवाड़ा                राजस्थान पिन कोड 311011

स्थाई पता~~गांव सिदडियास जिला& तहसील भीलवाड़ा                राजस्थान पिन कोड 311011

चित्र(स्वयं का,अच्छी गुणवत्ता-स्पष्टता  वाला)~नही

राज्य/प्रदेश~राजस्थान

ग्राम/शहर~गांव सिदडियास

पूर्ण शिक्षा~BA

कार्यक्षेत्र~
(नौकरी या जो भी) किरणा जनरल स्टोर

सामाजिक गतिविधि~नही

लेखन विधा~ कविता,दोहें, मुक्तक,
(गीत,ग़ज़ल,लेख जो भी )

भाषा ज्ञान~नही

मोबाइल/व्हाट्स ऐप~9950100169

कोई प्रकाशन~ -1नई उड़ान नया आसमान सांझा संग्रह पुस्तक
2 काव्या लोक सांझा संकलन
(संग्रह या किताब )

रचना प्रकाशन~राष्टीय हिंदी पत्रिका प्रजातंत्र स्तम्भ में अटल जी को श्रदांजलि पर कविता का प्रकाशन,इसी पत्रिका में दीपावली पर लिखी कविता का प्रकाशन
(पत्र-पत्रिका)

प्राप्त सम्मान~1नई उड़ान नया आसमान मासिक प्रतियोगिता में रिश्ता विषय पर सांत्वना सम्मान पत्र से सम्मानित,2काव्य सागर ऑनलाइन से सावन मास पर कविता से सम्मानपत्र 3इससे रावण कविता से सम्मान पत्र।4राष्ट्रीय कवि चौपाल एवं ई पत्रिका स्टार हिंदी ब्लॉग से स्टार हिंदी साहित्यकार सम्मानित सम्मान पत्र।5प्रजातंत्र का स्तम्भ गौरव से सम्मानित(प्रजातंत्र स्तम्भ के साझा संकलन नई उड़ान नया आसमान )6राष्ट्रीय कवि चौपाल शाखा -दौसा, राजस्थान जिसने मुझे "कवि चौपाल मनीषी" सम्मान से नवाजा।मतदान विषय पर लिखी मेरी कविता के लियें7 राष्ट्रीय कवि चौपाल एवं ई पत्रिका स्टार हिंदी ब्लॉग से स्टार हिंदी साहित्यकार सम्मानित पत्र दूसरा (8)अखिल भारतीय साहित्य परिषद इकाई विराटनगर जयपुर के द्वारा सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए सम्मान पत्र(9)राष्ट्रीय कवि चौपाल एवं ई पत्रिका स्टार हिंदी ब्लॉग के सयुक्त तत्वावधान में स्टार हिंदी साहित्य सौरभ सम्मान से सम्मानित।(10)
मधुशाला साहित्यिक परिवार से मधुशाला गौरव से सम्मानित(11)मधुशाला साहित्यिक परिवार उदयपुर से कहानी प्रतियोगिता से "मुंशी प्रेम चंद अलंकरण"से सम्मानित।

ब्लॉग~9950100169 blog mohit jagetiya

विशेष उपलब्धि~नही

लेखनी का उद्देश्य~समाज की विसंगतियों को बताना और उसको मिटाना।

सदस्यता/सहयोग राशि~ नही
स्वेच्छानुसार 
(हिन्दी कार्य प्रगति निमित्त)

प्रेरणा पुंज~नही

विशेषज्ञता~नही

रुचियाँ ~कविता लिखना

१ मौलिक रचना~
(विधा एवं शीर्षक युक्त)

विषय-- -सपना
विधा-- अतुकांत कविता
  एक सपना
एक सपना है सम्रद्ध भारत
खुशहाल भारत का।
एक सपना है श्रेष्ठ भारत
एक भारत का।
एक सपना कोई भूखा न सायें
कोई भी भूखा न रहें।
एक सपना सबको अपनी छत
वाला मकान मिलें।
किसान को अपनी फसल का
सही दाम मिलें।
सबको अपना अपना काम मिलें
कोई न रहें बेरोजगार।
एक सपना कोई रिश्वतखोरी
कोई भ्रष्टाचारी न हो।
एक सपना सैन्य शक्ति हमारी
मजबूत हो।
एक सपना सबको अच्छा
और सस्ता ईलाज मिलें।
एक सपना हमारी सभ्यता
संस्कारो को सम्मान मिलें
विश्वगुरु की फिर से पहचान मिलें।
एक सपना हमेशा गगन में
लहराता रहें तिरंगा हमारा।
एक सपना हिन्दू,मुस्लिन,सिख,ईसाई
भाईचारे की एकता की डोर में बंधे रहें
नाम -मोहित जागेटिया
पता -गांव सिदडियास जिला व तह.भीलवाड़ा(राज.)
मोबाइल नम्बर 9950100160

मौलिकता की जिम्मेदारी~ राष्ट के प्रति

ईमेल-9950100169.mj@gmail.com
*******************
धन्यवाद।

प्रेम पत्र

प्रतिज्ञा मैंने आपको कहि बार कहा है कि आप जिद मत किया करो और मेरी हर बात मान जाया करों।लेकिन आप मेरी किसी बात को सीरियस नही लेते हो।और अपनी जिद पर अड़े रहते हो।न तो आप मेरी सुनते हो नही अपनी जिद छोड़ते हो।आखरी ये नुकसान प्यार का हो रहा है।मना मत किया करो कभी किसी के लिए हर बार कहता हूँ लेकिन आपकी भी आदत है मना करने की आप अपनी जिद नही छोड़ते हो।ये जिद अब कहि एक दिन बहुत भारी न पड़ जाएं ।सच मे आप मुझे बहुत रुलाने लग गए हो।
आप को पता है आप जितनी जिद करोगें उस से कहि ज्यादा जिद में भी कर सकता हूँ।जब आप अपनी जिद पर होते हो तो में भी अपनी जिद पर होता हूँ।मैने कहा था आप एक बार मुह धो लेकिन आपने ने मेरी बात भी नही मानी और जिद भी की अंत आपको मेरी जिद पर झुखना पड़ा तो वो जिद क्यों कि थी।
जब मुह धो लिया तो बात नही कर रहे थे ।कुछ पूछ रहा था तो कोई जवाब नही दे रहे थे।आप कुछ भी नही बोल रहे थे।।मैने पूछा बात करनी है या नही तो आपने ये बोल दिया कोई जवाब नही।
ठीक है अगर आप का ये ही जुवाब था तो में किस से बात करता मैने भी फोन को रख दिया।
अगर आपके पास कोई जवाब नही है तो मेरे पास भी कोई जवाब नही है।क्यों कि आप ने मुझसे रिस्ता अधूरा बना रखा है।तभी तो मेरी बात को मानते नही हो और मना कर देते हो और जिद करने लगते हो।अगर मेरे को पूरी तरह अपना पति के रूप में मानते तो शायद ऐसा पल या दिन नही आते।अगर में आप को तोड़ा कुछ कहने लगु तो आप गुस्सा करने लग जाते हो।ये सही नही है।क्या मेरी जिंदगी में ये ही लिखा है क्या बस रोना या तड़पना ।खुद को खुद ही जलाना ओर आये दिन आंसू बहाना।क्या मेरी मोहब्बत की ऐसी ही कहानी रहेगी क्या? अरे मैने आपको कहि दफा कह दिया आप मेरी बात मान लिया करो लेकिन आप सुनते नही हो बस मेरे शब्द शब्द रह जाते है अगर आप मेरी सुनते  होते तो ये हाल नही होता मेरा।
अगर आप बोलते हो मेरे को नींद आ रही है,मैने कभी मना किया हो तो बोलो,कल सिर्फ 4 मिनट बात करके आप बोलने लगे हो मेरे को नींद आ रही है तो मैने कहा एक बार मुह धो लो उस पर भी आप को गुस्सा आने लगा था।क्या में पागल हूँ जो आप के प्यार के लिए रात रात जागता हूँ सिर्फ आप से बात करने के लिए क्योंकि कई आपको ऐसा न लगे कि में आप से दूर हूँ।कहि आप मेरे से दूर न चले जाएं इसलिए कभी कोई गलती हो जाये तो भी में आगेये हो कॉल करता हूँ।मुझे आपका खाने का डर बना रहता है इसलिए हमेशा आपके आगे हो कर कॉल करता हूँ।लेकिन मेरी गलती न हो तो भी में झुक जाता हूँ।तुम्हारी हर रगो से प्यार करता हूँ इसलिए तुम्हारी फिक्र होती है।
में कभी नही चाहता हूं कि मेरी वजह से कोई प्रॉब्लम हो,कल में नही चाहता कि आप मुह धो लेकिन आप ने बहुत जिद की।क्या मिला मुझे मुह धुला कर बस ये ही आप मेरे से बात नही करोगें।क्यों मेरे सपने को तुम तोड़ रहे हो।शायद अब भी मेरे प्यार में कोई कमी है इसलिए आप मेरे से बात करना नही चाहते हो।जबकि शादी से पहले आप किसी से पूरी पूरी रात बात करते थे आज मेरे लिए तोड़ा समय भी नही है आप के पास।20 तारिक़ को रात को जल्दी सो गए थे,रात कॉल की तो उसको आपनें नही ली,सुबह कॉल की तो कॉल नही ली।स्कूल जाते हो उस समय तोड़ी बात करता हूँ।आने के बाद ज्यादा समय नही मिलता है।कल भी रात को कॉल की तो बस मेरे लिए आप को समय नही है जबकि नींद के लिए समय है।जबकि आप को पहले भी रात रात नींद नही आती थी।अब आने लगी है।शायद मेरे प्यार में कुछ न कुछ तो कमी है इसलिए ऐसा होता है।
अगर प्यार की पवित्रता निभानी है,प्यार का धर्म निभाना है तो कुछ पल तो मेरे लिए निकलना होगा।में ये भी कभी नही करूँगा की आप मेरे लिए पूरी रात दो।में स्वीकार भी करता हूँ आप को जब जब समय मिला मेरे लिए दिया है।
प्रतिज्ञा ये जरूरी हम अब एक दूजे के बिना कभी नही रह सकते है।इसलिए एक दुसरो को समझना होगा। जिस दिन मुझे आपकी आवश्यता हो उस दिन आप को मेरे लिये समय देना होगा, जिस दिन आप को मेरी आवश्यता हो उस दिन मुझे आपको समय देना होगा,अगर इस लड़ाई का हमको अंत करना है तो।हमे प्यार करते इतने दिन हो गये पर अभी तक एक दूजे को समझ नही पाएं इसलिए हमेशा लड़ाई चलती है।जिस दिन में अब आप से रूठता हूँ ये मेरी कमी होगी और जिस दिन आप मेरे से लड़ते हो ये आपकी कमी होगी।।अगर इस लड़ाई का अंत करना है तो।।
अगर मेरे शब्दों पर आप का तोड़ा भी विचार हो तो जवाब जरूर दें देना।।

कैसे दिन गुजरेंगे

कैसे दिन गुजारूँगा कैसे रात।
कैसे  रहूँगा  क्या होंगे हालात।
पल पल गुजरना बड़ा मुश्किल होगा,
कैसे कब करूँगा तुम से मैं बात।।

गजल खुद की जमाने मे पहचान बना

        *"खुद की जमाने मे पहचान बना"*

हे इंसान खुद की जमाने मे खुद पहचान बना।
लोगों के दिल में बस कर अपनी तू मुस्कान बना।।

लोगों के दिल हित,जमानें मे खुद ऐसा काम कर
उस काम से तू लोगों के दिल पर इक निशान बना।।

हर रास्ते ऐसे हो जहाँ सफर कभी रुके नही
मंजिल पर चल तू मंजिल को खुद आसान बना।।

कर नेक काम इस संसार मे गलत किसका होना।
ना बनो खुद भगवान दिल मे ऐसा अरमान बना।।

रख खुद अपने हौसले और जज्बात पर भरोसा,
मिट्टी से उठ खुद आज आसमान तक उड़ान बना।।

खिल जाएं दिल की कलिया हर चेहरा मुस्कराएं
इस मिट्टी की महक आयें खुद को बागवान बना।।
✍✍
मोहित जागेटिया
भीलवाड़ा,राज.

Saturday, December 22, 2018

हम तुम


*PKS प्रतियोगिता के लिए अतिथि  रचना-*
दिनाँक 23/12/18
दिन : रविवार
विषय : हम तुम
विधा: मुक्तक्त

हम तुम मिल कर दुनिया की गाड़ी को चलाएंगे।
हम तुम मिल कर  जिंदगी  को जिंदगी  बनाएंगे।।
हर सुख दुख को मिल कर हम साथ साथ गुजारेंगे
हम तुम मिल कर  सात  फेरों  का साथ निभाएंगे।।

हम तुम एक हो कर एक ही जीवन मे रहेंगे।
एक  दूजे  की  सासों  और  धड़कन में रहेंगे।
मेरी इस जिंदगी का हर क्षण तुम पर न्यौछावर
अब  एक  दूजे  के  प्यार  के  बंधन  में  रहेंगे।।

बहती नदी तुम हो उस नदी की मैं ही धार हूँ।
मेरा  किनारा तुम  हो  उस नदी में पतवार हूँ।
तेरी  बिंदिया  तेरा  सुहागन  तेरा  प्यार  हूँ
तुम फूल हो हम तुम से बना फूलों का हार हूँ।।

नाम  मोहित जागेटिया
पता:     भीलवाड़ा राजस्थान
मोबाईल नम्बर 9950100169

जागती नजरें,

जब मोहन को गोपी आखन को तरसती।
मोहन  प्रेम  में  आँखे  बंद  नही  करती।
जब आँखे बंद हो उस समय आ न जाएं,
मोहन  प्रेम  में  दिन  रात  नजरें  जागती।।
मोहित

Thursday, December 20, 2018

एक अधूरी मोहब्बत

एक  अधूरी  मोहब्बत  की  मैं  आज  कहानी  हूँ।
उसकी  आँखों  से  बहता  मैं  ऐसा  वो  पानी  हूँ।
जिसकी आँखों की नजरों में भरा प्यार का सागर ,
ऐसे  उस  मोहन  की  मैं  मीरा  भी  दीवानी  हूँ।।
मोहित

जिंदगी सवाल

जिंदगी सवाल बन कर किसी के सामने पड़ी है।
हमेशा  अपनों  के  सामने  हार  कर ये खड़ी है।
जिसे करना है सवाल,कर लो तुम मुझे से सवाल
ये  जिंदगी  तो  सफर  में हर मुसीबत से लड़ी है।।
मोहित

Monday, December 17, 2018

चाँद से चेहरा

चाँद सा चेहरा है
रूप निराला है
होंठ मधुशाला है
आँखे कोमल सी
टिमटिमाती तारें है
खुले केस ऐसे लगते है
जैसे बहती नदी की धार है ।
ह्रदय के भावों में
प्रेम का सागर भरा है
कोमल दिल मे
प्रेयसी का ख्वाब सजा है।
प्रेम का प्याला
मधुमास के रस भरा
ऐसा तेरा प्यार है।
खिलती कली
योवन से भरी हो
प्रभात की किरण से
खिलता सुमन सा चेहरा
तेरी खुशबू से
महकता मेरा ह्रदय का आंगन।।

मोहित

वादा जो तुम से किया

वादा जो तुम से किया वो वादा निभाहूँगा ।
दूर तुम से चला गया तो पास अब आहूँगा।
जो तुम जो कह दो तो तुम्हारे लियें मै कभी,
तेरी  खुशी  के  लिए  चाँद  सितारें  लाहूँगा।।
मोहित

सरहर का सिपाही

भारत माँ का आज सिपाही हूँ,
सीमा पर गर्मी सर्दी सहता हूँ।
कितने भी आयें सितम देश पर,
हर पल सीमा पर में रहता हूँ।

हर दुश्मन पर मेरी आँखे है,
इन आखों से देश पर नजर है।
फिक्र मुझे मेरे मुल्क की आज,
सरहद पर रहता ये ही घर है।।

कई परिंदे आ ना जायें अब
मैं सरहद की सुरक्षा में रहता हूँ।
इस मिट्टी से प्यारा और नही,
इस मुल्क की हिफाज़त करता हूँ।।

मैं देखता हूँ देश के अंदर,
तो मेरा देश लाचार लगता है।
सुरक्षा बल पर हमला करवाते ,
ये देख गद्दारों को दिल जलता है।

वो देश खाते देश में रहते ,
मगर किसी और का गुणगान करते।
हम भी भारत मे रहने वाले,
राष्ट भक्त का सदा सम्मान करते।।
मोहित जागेटिया

Sunday, December 16, 2018

2019 नव वर्ष

                    " नव वर्ष2019"
आने  वाला  ये  साल  सपनों  वाला  साल  हो  ।
सब के घर खुशिया रहें हम भी सब खुश हाल हो।
कोई  भूखा  न  रहें  कही  भी  सूखा  नही  हो,
माँ  लक्ष्मी  की  कृपा  रहें  सब  माला  माल  हो।।

ये साल हमारा अब खुशियों की रौनक लायें।
ये  साल  हमारा हर अरमान को अब सजायें।
इस  साल  ऐसा  काम करें मन मे हो विश्वास,
ये  साल  हमारा  सपनों  को  विश्वास  बनायें।।

नेक  इरादा  सही  नियत  से  ऐसा  काम  करें ।
किसी का गलत न कर के अच्छा काम नाम करें।
सब  की  जिंदगी  हर दिन फूलों की तरह महके,
हर दिन को भोर  सुहानी  मस्तानी  शाम  करें।।

इस  साल  अपने  सपनों  और हमारी चाल हो ।
आज जिंदगी सब की कही हजार खुशहाल हो।
मेरी  इस  साल  सबको  ये  ही  शुभकामनाएं ,
नई  आशायें  उड़ान  हो  ऐसा  ये  साल  हो।।

मोहित

*ऐसा हर नव साल हो*
.         👍🌞👍
आने  वाला नया साल  सपनों  वाला  साल  हो  ।
सब के घर खुशिया भरें हम भी सब खुश हाल हो।
कोई  भूखा  न  रहें  कही  नहीं सूखा तल हो,
माँ लक्ष्मी की कृपा रहें  सब  ही माला माल हो।।

ये साल हमारा अब खुशियों की रौनक लायें।
ये  साल  हमारा अरमानों को खूब सजायें।
नव साल में ऐसा काम करें मन मे हो विश्वास,
ये  साल  हमारा  सपनों  को  साकार बनायें।।

नेक  इरादा  सही  नियत  से  ऐसा  काम  करें ।
अहित किसी का न कर के अच्छा काम नाम करें।
सब  की  जिंदगी रोज फूल के जैसु महके,
हर दिन हो भोर सुहानी  मस्तानी हर शाम करें।।

इस  साल आपके सपनों  संग हमारी चाल हो।
आज जिंदगी सब की कई गुणा खुशहाल हो।
मेरी  नई साल  सबको यही  शुभकामना,
नई आशायें नई उड़ानें ऐसा हर नव साल हो।।
✍✍
मोहित जागेटिया
भीलवाड़ा,राज.





शिव पर दोहें

शिव का मन मे ध्यान कर, हो जाये भव पार ।
शिव शिव ही जपते रहो, बाधा जाए हार।।

शिव ही तो भगवान है,शिव से हमको प्यार।
शिव की कर ले वंदना,महिमा है स्वीकार।

मोहित

Thursday, December 13, 2018

इकरार

            इकरार

दिलों की कलियों में तुम खिलो।
दिलों की गलियों में तुम मिलो।।
नजर से तुम नजरों में रहो।
नजरों से तुम हर बात कहो।।
दिल तुम्हें आज जानता है।
ये अपना आज मानता है।।
नजरों से दूर नही जाना।
हकिगत सपनों में तुम आना।।
ये दिल हमेशा प्यार करता।
तुम्हारा इंतजार करता।।
तुम ही मुझे अब स्वीकार हो।
इस प्यार का ही इकरार हो।।
दिलों से दिल का इजहार हो।
हर जन्म में तुम से प्यार हो।।
मोहित जागेटिया

इकरार मुक्तक

                   इकरार

ये दिल भी तुम से आज इकरार करता है।
तुम्हारी  धड़कनों  से  ये  प्यार  करता  है।
कभी तुम अपना समझों या अब नही समझों
मेरा दिल आज तुमको स्वीकार करता है।।

ह्रदय  की  धड़कनों  में तेरा ही प्यार है।
तुम से है जितना प्यार उतना हर बार है।
मेरी  सासों  की  हर  सास में तुम समाई,
मेरी  तकदीर  में  तेरा  ही  इकरार  है।।

मोहब्बत में तेरे सफर को आज पाया।
मेरे इस दिल ने तुम्हारा साथ बनाया ।
तुम ही हो जो मेरे दिल को महकाती हो,
तुमने हमको हसाया तुमने ही रुलाया।।

मैं  तुम्हारी  हर अदा से प्यार करता हूँ।
तेरी हर मुस्कान को स्वीकार करता हूँ।
जिंदगी के हर मोड़ पर तेरा साथ मिलें,
तुम्हारे  प्यार  का  मैं  इकरार करता हूँ।।

मोहित जागेटिया

Wednesday, December 5, 2018

चुनाव पर दोहें

करना साथी शान से, तुम भी ये मतदान।
तुम्हारा अधिकार है, लोकतंत्र हो मान।।

लोकतंत्र मजबूत हो,करे सही मतदान।
सरकार हमारी बने, सबकी हो पहचान।।

मोहित जागेटिया

Saturday, December 1, 2018

संस्कार

  *PKS प्रतियोगिता के लिए अतिथि रचना
दिनाँक- - 02/12/2018
दिन-- -रविवार
विषय-- -संस्कार
विधा-- कविता
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रचना:~.   
          संस्कार
हमारे भी कुछ अपने संस्कार है।
बड़ो का आदर छोटो से प्यार है।।
रिस्तों की डोर में बंध कर रहना।
अपनो के बीच हर बात को कहना।।
सभी मिल जुल के रहना परिवार है।
ये  ही  हमारा  सबका  संस्कार है।।

हम उठ कर करे नित्य प्रभु को वंदन
माता पिता गुरु की चरणों मे नमन
ये ही हमारी नित्य अब आदत हो
ये ही दुआ करे सभी सलामत हो
हम सबको एक दूजे से प्यार हो
ये ही हमारा सबका संस्कार हो।।

हमारी संस्क्रति का भी सम्मान हो
वेद पुराण धर्म ग्रन्थ का ज्ञान हो
हमारी सभ्यता हमारी पहचान
हर चेहरे पर हो प्यारी मुस्कान
सबकी हर बात हमको स्वीकार हो
करे सबका आदर ये संस्कार हो।।

नाम -मोहित जागेटिया
पता -गांव सिदडियास जिला व तह.भीलवाड़ा(राज.)
मोबाइल नम्बर 9950100169