शुक्रवार, 3 सितंबर 2021

बस एक ही हिंदुस्तान


एक सपना हमने भी सजाया है।
एक सपना उसने भी बनाया है
हकीकत की हो ये दुनिया हमारी,
जब से उस मोहब्बत को पाया है।

ये सफ़र हमारा आज आसान हो।
न कोई गम हो,दिल में मुस्कान हो।
इस जिंदगी की लहरों के बीच में,
जिंदगी में आएं कितने तूफान हो।

बस मंजिल तो सपनों की उड़ान है।
रास्ते कितने ही आज अनजान है।
इस दिल में जिसकी मोहब्बत रहती,
वो तो बस एक ही हिंदुस्तान है ।।

मोहित जागेटिया